ओडिशा में मवेशी तस्करों पर बड़ा एक्शन,भद्रक, मयूरभंज और बालासोर में एक साथ छापेमारी, अब तक 20 लाख कैश,करोड़ों की ज्वेलरी और हथियार बरामद
ओडिशा में मवेशी तस्करी के खिलाफ पुलिस ने बड़ा अभियान चलाते हुए कई जिलों में एक साथ छापेमारी की है। भद्रक,बालासोर और मयूरभंज जिलों में मंगलवार तड़के पुलिस ने तस्करों से जुड़े ठिकानों पर एक साथ रेड की, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
जानकारी के मुताबिक, ये छापेमारी भद्रक के संथिया इलाके के दो स्थानों, नंगामहला और अलालपुर के एक-एक स्थान और गुजिदाराड़ा के तीन ठिकानों पर की गई। इस पूरे ऑपरेशन में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था, जिसमें छह प्लाटून सशस्त्र जवान, 2 डीएसपी, 10 इंस्पेक्टर, 10 सब-इंस्पेक्टर और अलग-अलग थानों की पुलिस शामिल थी।




छापेमारी के दौरान अलालपुर में एक आरोपी अपने घर से कूदकर फरार हो गया, जबकि पुलिस ने पांच तस्करों को हिरासत में लिया है। भद्रक एसपी मनोज राउत के अनुसार, अब तक करीब 20 लाख रुपये नकद बरामद किए गए हैं। इसके अलावा बड़ी संख्या में घातक हथियार भी जब्त किए गए हैं। पुलिस का ऑपरेशन अभी जारी है और जल्द ही पूरी जब्ती का विस्तृत विवरण सामने आएगा।
इसी अभियान के तहत मयूरभंज और बालासोर जिलों में भी एक साथ कार्रवाई की गई। मयूरभंज जिले में रायरंगपुर ग्रामीण थाना क्षेत्र के सतपौतिया और देवगांव गांवों में पुलिस टीमों ने तस्करों के ठिकानों पर छापेमारी की।
देवगांव में शेख मकसद आलम और सतपौतिया में नीलू फार बेगम के घरों पर विशेष रूप से कार्रवाई की गई। इन जगहों से हथियार, गोला-बारूद और अन्य संदिग्ध सामग्री बरामद की गई है। इस ऑपरेशन में मजिस्ट्रेट के साथ-साथ राजस्व और प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद थे, जिससे कार्रवाई पूरी तरह कानूनी तरीके से की जा सके।
बताया जा रहा है कि यह छापेमारी सुबह करीब 3 बजे शुरू की गई थी, ताकि तस्करों को संभलने का मौका न मिले। पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई मवेशी तस्करी के बड़े नेटवर्क को तोड़ने के लिए की गई है।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है और फरार आरोपी की तलाश जारी है। आने वाले समय में इस मामले में और खुलासे होने की संभावना बनी हुई है।
